Posts

त्योहार को मनाने में मूहर्त का चक्कर

Image
 त्योहार भी फिक्स टाइम के हो गए   पिछले कुछ सालो से त्योहारों पर मुहूर्त देखने का चलन काफी बढ़ गया है। अगर हम पच्चीस तीस साल पीछे जाए तो कोई त्यौहार मुहूर्त देख कर नहीं मनाते थे या यू कहे की मुहूर्त पर एक दूसरे के यहाँ पहुंचना भी आसान नहीं था।  साधन ही नहीं होते थे कई जगह तो सड़क ही नहीं थी फिर बस और बैलगाड़ी होती थी तो जब पहुंच गए तब ही त्यौहार होता था और पुरे दस पंद्रह दिन त्यौहार चलता रहता था। राखी की ही बात करे तो राखी के दिन से लेकर के जन्म अष्ट्मी तक राखी बाँधी जाती थी। ईश्वर का दिया सभी समय ठीक होना चाहिए परन्तु काल की गणना करने वालो ने इसे कई काल खंड में बाटा और शुभ अशुभ मुहूर्त की जानकारी दी।  आम आदमी भी जानकारी के अभाव में मुहूर्त के लिए कोशिश करने लगा और त्यौहार भी मुहूर्त में मनाने लगा। किसी भी शुभ कार्य को करने के लिए मुहूर्त निकालने की आवश्यकता होती है। फिर भी भद्रा का विचार शुभ काम जैसे मुंडन, विवाह, गृहप्रवेश, तीर्थ स्थलों का भ्रमण ,व्यापार या सम्पत्ति की शुरुवात ,आदि काम भद्रा काल में वर्जित है।  लेकिन किसी त्यौहार को मनाने के लिए ,या हवन पूजन...

बिरसा मुंडा : जांबाज स्वतंत्रता सेनानी

Image
  बिरसा मुंडा : जांबाज स्वतंत्रता सेनानी स्वतंत्रता संग्राम के दौरान भारतभूमि पर ऐसे कई नायक पैदा हुए जिन्होंने इतिहास में अपना नाम स्वर्णाक्षरों से लिखवाया. एक छोटी सी आवाज को नारा बनने में देर नहीं लगती बस दम उस आवाज को उठाने वाले में होना चाहिए और इसकी जीती जागती मिसाल थे बिरसा मुंडा. बिरसा मुंडा ने बिहार और झारखंड के विकास और भारत के स्वतंत्रता आंदोलन में अहम रोल निभाया. बिरसा मुंडा विद्रोह में इतने उग्र थे कि आदिवासी जनता उनको भगवान मानती थी और आज भी आदिवासी जनता बिरसा को भगवान बिरसा मुंडा के नाम से पूजती है | उन्होंने धर्म परिवर्तन का विरोध किया और अपने आदिवासी लोगो को हिन्दू धर्म के सिद्धांतो को समझाया था | उन्होंने गाय की पूजा करने और गौ-हत्या का विरोध करने की लोगो को सलाह दी | उन्होंने अंग्रेज सरकार के खिलाफ नारा दिया था “रानी का शास खत्म करो और हमारा साम्राज्य स्थापित करो ” | उनके इस नारे को आज भी भारत के आदिवासी इलाको में याद किया जता है | अंग्रेजो ने आदिवासी कृषि प्रणाली में बदलाव किय जिससे आदिवासियों को काफी नुकसान होता था |1895 में लगान माफी के लिए अंग्रेजो के विरुद्ध...